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कमीशन के चक्कर डॉक्टर ने ही बताया हार्ट का मेजर ऑपरेशन, दूसरे डॉक्टर ने बता दिया हार्ट नॉर्मल, पढिये पीलीभीत में एक डॉक्टर की ये करतूत

रिपोर्ट:-सरताज सिद्दीकी

 

पीलीभीत के एक नामचीन ह्रदय रोग विशेषज्ञ डॉक्टर पर एक स्वस्थ्य शख्स के ह्रदय में बड़ी खराबी बताकर मेजर ऑपरेशन की सलाह देने का आरोप लगा है। आरोप है कि एक दूसरे बड़े डॉक्टर ने पीड़ित के ह्रदय को सही बताते हुए मरीज को बिना ऑपरेशन ही स्वस्थ्य कर दिया। गुस्साए परिजनों ने डॉक्टर को पैसों की खातिर गलत इलाज की सलाह का आरोप लगा कर सीएमओ से लिखित शिकायत की है। मामले में सीएमओ दो एसीएमओ की टीम बनाकर जांच करा रही है। और जांच के बाद कार्यवाही की बात कही जा रही है।

कहते है डॉक्टर भगवान रुप होता है लेकिन आरोप है कि पीलीभीत के एक दिल के डॉक्टर ने इस परिवार का दिन का चैन और रातों कि नींद ही छीन ली। दरअसल 3 अगस्त को शहर के रहने वाले कुनाल कनौजिया को सीने में दर्द होने की शिकायत पर परिवार गांधी स्टेडियम रोड स्थित एसएस अस्पताल के डॉ.प्रांजल अग्रवाल के पास लेकर गए। आरोप है कि डॉ.प्रांजल अग्रवाल ने पीड़ित कुनाल कनौजिया का ईसीजी , ईको सहित काफी महंगी-महंगी खून की जांचे कराई। आरोप है कि ईको और ईसीजी करने के बाद डॉ.प्रांजल ने पीड़ित और उसके परिजनों को बताया कि वे हृदय रोग के गंभीर मरीज हैं और कुनाल के हृदय की दोनों नसे ब्लाक हो चुकी है और तीसरी  नस भी किसी भी समय ब्लाक हो सकती है इसलिए इनके हृदय का मेजर ऑपरेशन होगा। पीड़ित परिवार के मुताबिक डॉक्टर की ये बात सुनकर पीड़ित के परिजन खौफजदा हो गए और वह कुनाल को लेकर बरेली पहुंचे जहां अन्य डॉक्टर्स ने डॉ प्रांजल के पर्चे और ईको व ईसीजी में डायग्नोस की गई गंभीर बीमारी के कारण उन्हें भर्ती करने से साफ इंकार कर दिया गया। जिसके बाद परिवार कई डॉक्टर के पास गए लेकिन डॉक्टर की जांचे देखकर सभी ने हाथ खड़े कर लिए। थक हारकर  परिजन पीड़ित कुनाल को लेकर नोएडा के कैलाश अस्पताल पहुंचे। अस्पताल के डॉ. ने एसएस अस्पताल के पर्चों को देखकर ऑपरेशन करने के लिए परिजनों से 20 यूनिट ब्लड का इंतज़ाम करने सहित ऑपरेशन से संबंधित अन्य तैयारियां करने को कहा। सभी तैयारियां होने के बाद डॉ.ने ऑपरेशन करने से पूर्व कुनाल की एंजियोग्राफी कराई तो मामला चौकाने बाला सामने आया। कुनाल का हृदय एक दम स्वस्थ्य था और उन्हें हृदय संबंधी कोई भी बीमारी स्पष्ट नही हुई। यह सब देखकर कैलाश अस्पताल के डॉ.ने भी हैरानी व्यक्त की। फिलहाल जहां डॉ.प्रांजल के कारनामें के कारण हृदय के चीरफाड़ की नौबत आ गई थी, तो वहीं कैलाश अस्पताल के डॉ.की सूझबूझ से एक स्वस्थ्य हृदय क्षतिग्रस्त होने से सुरक्षित बच गया। पीड़ित परिवार का कहना है कि इस पूरे संकट में जहां परिवार मानसिक उत्पीड़न से गुजरा तो वही लाखो रुपये भी खर्च हो गए। पीड़ित परिवार ने डॉक्टर प्रांजल के खिलाफ शिकायत सीएमओ को सौंपी है मामले में सीएमओ ने जांच के आदेश दिए है गौरतलब है कि इससे पहले भी आरोपी एसएस अस्पताल में इसी तरह के कई मामले सामने आ चुके है।

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