प्रदेश

मुजफ्फरनगर के इस छात्र का अखबारी हुनर देख कर दंग रह जाएंगे आप

रिपोर्ट:-संजीव कुमार

 

मुज़फ्फरनगर।हिंदुस्तान के करोडो देशवासियो की आस्था का प्रतिक अयोध्या स्तिथ श्री राम मंदिर निर्माण का आज प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा भूमि पूजन किया जा रहा है। इस भव्य आयोजन का सभी देशवासियो को वर्षो से इंतजार था। भले ही राम मंदिर निर्माण में अभी कुछ वर्ष लग सकते है। लेकिन उत्तर प्रदेश के मुज़फ्फरनगर जनपद के एक होनहार छात्र ने अपनी प्रतिभा के बल पर समाचार पत्रों की रद्दी से भव्य राम मंदिर का निर्माण एक सप्ताह में कर दिखाया है।

एक तरफ अयोध्या में पत्थरो को तराश कर संगेमरमर से रघुवंशी श्री राम मंदिर का निर्माण बड़ी धूम धाम से किया जा रहा है वंही उत्तर प्रदेश के मुज़फ्फरनगर जनपद के गाँधी कालोनी लालबाग निवासी व्यापारी जीतेन्द्र शर्मा के छोटे बेटे तुषार शर्मा ने अपनी 19 वर्ष की आयु में लॉक डाउन के बिच अपनी प्रतिभा के बल पर ना सिर्फ अखबारों की रद्दी से आकर्षक राम मंदिर का मोडल तैयार किया है बल्कि पेरिस के विश्व प्रसिद्ध एफिल टॉवर भी समाचार पत्रों की रद्दी से बनाकर अपने माता पिता के साथ साथ जनपद का नाम रोशन किया है। तुषार कक्षा 12 के छात्र है। और अभी हाल ही में इंटरमीडियट की परीक्षा में प्रथम श्रेणी से कक्षा 12 उत्र्तीण की है। तुषार को बचपन से कुछ अलग करने का शोक है। कोरोना महामारी के चलते जब देश में लॉक डाउन लगाया गया तो स्कूल कालेज बंद होने के कारन तुषार ने घर में रहकर समाचार पत्रों को रद्दी में ना देकर वेस्ट अखबारों को एक नया रूप देने का मन बना लिया। तुषार ने सबसे पहले अख़बार की रद्दी से पेंसिल बॉक्स बनाया और फिर बाइक ,फिर एक के बाद एक तुषार ने पढाई के साथ साथ रातो को जाग जाग कर न्यूज़ पेपर से बैल गाड़ी,कूलर ,साईकिल ट्रेक्टर और धनुष बाण के साथ राम मंदिर का निर्माण एक सप्ताह में कर दिखाया है। तुषार का कहना है की लॉक डाउन के समय जब स्कूल बंद हो गये घर पर खाली समय बर्बाद नहीं किया। घर में अख़बार आ रहे थे लेकिन उन्हें रद्दी में डालना सही नहीं लग रहा था। कुछ लोग रद्दी अखबारों से लिफाफे बनाते है मेने कुछ नया करने का सोचा और केवल अख़बार और फेविकोल की मदद से धीरे धीरे रद्दी अखबारों को नया आकर देना शुरू कर दिया। एक दिन मेरे जीजा जी घर आये और बोले की अयोध्या का राम मंदिर बनने जा रहा है तुम उससे पहले राम मंदिर बनाओ तो मेने एक सप्ताह में दिन रात जाग कर मंदिर बना दिया पहले मेने इंटरनेट पर राम मंदिर की फोटो देखी और फिर वैसा ही राम मंदिर बना दिया। मंदिर के फाउंडेशन के लिए मेने अख़बार की रद्दी से 15 सो बीम बनाये और मंदिर की बुर्जी तैयार की। इस कार्य में मेरे माता पिता और बड़े भाई ने मेरे बहुत सहयोग किया। आगे चलकर में 15 अगस्त तक दिल्ली का लालकिला बना रहा हूँ। जो दो चार दिन में तैयार हो जायेगा। तुषार की माने तो वो अपने इस शोक को आगे बढ़ाना चाहते है और अपने सहपाठियों को सन्देश देना चाहते है की खाली समय को बर्बाद नहीं करे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *